Saturday, 17 February 2018

मेरा घर

मै तो बहुत घूमा दुनिया लेकिन,मेरे साथ मेरी मकान न गयी
अपने घर के शाम की, वो खूबसूरत पहचान न गयी
यूँ तो रातें गुजारी  मैंने कई होटलों के कई सोफों  पर
लेकिन घर की चटाई  के अलावा, मेरी कहीं थकान न गयी|

First

लड़के भी रोते हैं, जब घर से दूर होते हैं / हिंदी कविता शायर के द्वारा

￰घर में बच्चे लेकिन बहार  मशहूर होते  हैं अ जी लड़के भी रोते हैं, जब घर से दूर होते हैं लड़के भी घर से बाहर मम्मी-पापा के बगैर  होते हैं ...